छुट्टियों के बाद नौनिहाल होंगे डिजीटल शिक्षा से रूबरू, मिलेगा बेहतर ज्ञान
नौगांवा. सरकारी स्कूली के नौनिहालों को बेहतर शिक्षा मुहैया कराने के लिए प्रदेश का शिक्षा विभाग कक्षा-कक्षों को स्मार्ट क्लास रूम में बदलने की कवायद में लग गया है। इसी के फलीभूत अलवर जिले में डिजिटल शिक्षण व्यवस्था के लिए 524 विद्यालयों में स्मार्ट क्लास रूम बनाए जाएंगे और नए सत्र में छुटिटयों के बाद जब बच्चें स्कूल पहुंचेंगे तो डिजिटल शिक्षा के नवाचार से रूबरू हो सकेंगे। समसा अलवर के अधिकारियों ने बताया कि स्मार्ट क्लास रूम में स्मार्ट टीवी के अलावा इंट्रेक्टिव फ्लैट पैनल डिस्प्ले लगाए जाएंगे।
जिनमें एक विद्यालय की स्मार्ट क्लास तैयार होने में करीब 1 लाख 20 हजार की लागत लगेगी। स्मार्ट क्लास के सहयोग से छात्र-छात्रा कठिन विषयों जैसे जीव विज्ञान, फिजिक्स, कैमिस्ट्री, गणित सहित अन्य विषयों की पढाई विषय विशेषज्ञ से ऑनलाइन और ई-कंटेंट की सहायता से कर पाएंगे। बजट घोषणा की अनुपालना में चयनित स्कूलों की सूची जारी होते ही स्मार्ट कक्ष बनाने की तैयारियां शुरू हो गई है। इस कार्य के लिए वर्क आँर्डर जारी हो चुके है और गर्मी की छुटिटयों मेें लगभग स्कूलों में यह कार्य प्रारम्भ हो जाएगा।
सबसे ज्यादा उमरैण और सबसे कम गोविन्दगढ में बनेंगे स्मार्ट रूम : सरकारी विद्यालयों में बनाए जा रहे स्मार्ट क्लास रूम का सबसे ज्यादा फायदा उमरैण ब्लाँक को मिलेगा। जिसमें 67 विद्यालयों में स्मार्ट क्लास बनेंगे। वहीं रामगढ में 58 और तिजारा में 51 स्कूलों में स्मार्ट क्लास रूम बनाए जाएंगे। सबसे कम लाभ गोविन्दगढ ब्लॉक के विद्यालयों को मिलेगा। जिसमें महज 2 विद्यालयों में ही स्मार्ट क्लास रूम बनेंगे।
मिलेगी सुविधा
बजट घोषणा की अनुपालना में विद्यालयों में स्मार्ट क्लासरूम बनाए जा रहे हैं, जिससे ऑनलाइन शिक्षण से विद्यार्थियों को फायदा मिलेगा और पढऩे में सुविधा होगी।-मनोज शर्मा, एडीपीसी समसा, अलवर।
ब्लॉक स्कूल
बानसूर 40
बहरोड 20
गोविन्दगढ 2
कठूमर 40
किशनगढ 31
ब्लॉक स्कूल
कोटकासिम 23
लक्ष्मणगढ 43
मुण्डावर 37
नीमराणा 20
रैणी 26
ब्लॉक स्कूल
राजगढ 32
रामगढ 58
थानागाजी 34
तिजारा 51
उमरैण 67

0 Comments:
एक टिप्पणी भेजें