9वीं से 12वीं तक कक्षाओं को कोर्स 30% कम हुआ फिर भी 350 रुपए तक महंगे हो गए किताबों के सेट
राज्य सरकार ने इस साल 9वीं से 12वीं कक्षा की पाठ्य पुस्तकों में पिछले साल के मुकाबले 30% तक कोर्स कम करके बच्चों को राहत दी है। दूसरी ओर किताबों को दरों में 225 से 350 रुपए तक की बढ़ोतरी करके अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। गंभीर बात यह है कि किताबें महंगी करने के बाद भी मार्केट में वर्ष 2023 प्रकाशन की पुस्तकों की कमी चल रही है और अब बच्चे अभिभावक व दुकानदार परेशान हो रहे हैं।
स्टेशनरी व पुस्तक व्यवसायी विवेक अग्रवाल के अनुसार सरकारी व निजी स्कूलों में एनसीईआरटी कापाठ्यक्रम चलता है। इसमें राजस्थान राज्य पाठ्य पुस्तक मंडल भी अपनी किताबें एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम के अनुसार प्रकाशित करवाता है। इस बार पिछले साल के सभी विषयों की किताबों में 30% का कोर्स कम कर दिया, लेकिन सिलेबस वो ही रखा। इसलिए गत वर्ष प्रकाशित हुई किताबें भी इस सत्र में चल सकती हैं, लेकिन निजी स्कूलों के दबाव के चलते पेरेंट्स बाजार में सत्र 2023 की किताबें ढूंढ़ रहे हैं। जिसमें 9वीं व 10वीं कक्षा के सेट लगभग नहीं के बराबर है, जबकि 11वीं व 12वीं कक्षा के अधिकतर विषयों की पुस्तकों की शॉर्टज चल रही है।
10वीं के सेट में अधिक बढ़ोतरी
कक्षा---2022-----2023
9वीं ---639-----784
10वीं-- 662 ----943
11वीं-12वीं की दरों इतना अंतर
कक्षा---- संकाय---- 2022 ----2023
11वीं -----कला----- ₹550 ---- ₹785
11वीं---- विज्ञान--- ₹651 -----₹935
11वीं -----कॉमर्स--- ₹515----- ₹735
12वीं -----कला -----₹645---- ₹980
12वीं ----विज्ञान ----₹684 ---₹1040
12वीं ----कॉमर्स---- ₹558---- ₹845
बच्चों को किताबें लाने का दबाव, लेकिन बाजार में है ही नहीं
पश्चिमी राजस्थान पुस्तक व्यवसायी एवं लेखन सामग्री विक्रेता संघ के अध्यक्ष ओम आनंद द्विवेदी ने बताया कि बाजार में 9वीं व 10वीं कक्षा की किताबें नहीं है। हमने डिमांड पाठ्य पुस्तक मंडल को भेजी है। इधर, सत्र शुरू होने पर बाजार में पेरेंट्स भी परेशान हो रहे हैं। बच्चों पर इस सत्र की पुस्तकें खरीदने का दबाव बनाया जा रहा है, लेकिन हम कहां से दें।
बाजार में हमने नए व गत सत्र दोनों की किताबें भेजी हैं। 9वीं से 12वीं कक्षा तक की 7 लाख किताबें भेज दी हैं। डिमांड और आई तो उपलब्ध करवा देंगे। - सुनील गौड़, प्रभारी, राजस्थान पाठ्य पुस्तक मंडल

0 Comments:
एक टिप्पणी भेजें